15 August, 2018

हार से सबक नहीं ले रही भाजपा 

प्रभाष श्रीवास्तव
लखनऊ। लोकसभा और विधानसभा उपचुनाव के परिणामों से भारतीय जनता पार्टी को झटका लगा है उसका दर्द साफ झलकने लगा है। लेकिन बावजूद इसके भाजपा और उसके लोग इस जमीनी हकीकत को सार्वजनिक रूप से स्वीकार करने से कतरा रहे है। यह अलग बात है कि पार्टी का प्रदेश नेतृत्व हार को दबे शब्दों में स्वीकार करते हुए समीक्षा करने की भी बात कर रहे हैं। यूपी की भाजपा सरकार के मंत्रीगण उपचुनाव की हार को एक दूसरे नजरिए से देख उस पर पर्दा डाल रहे हैं। यही नहीं योगी सरकार का कोई मंत्री उपचुनाव की हार को लौ बुझने से पहले तेज जलती है के नजरिए से देख रहा है तो कोई मंत्री कह रहा कि भाजपा के समर्थक गर्मी की छुट्यिोंं में बच्चों संग घूमने चले गये इसलिए हार गये के नजरिए से देख रहा है।
बता दें कि कैराना लोस सीट पर गठबंधन का उम्मीदवार तो नूरपुर विस सीट पर सपा का उम्मीदवार विजयी हुआ है। भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष डा. महेन्द्र नाथ पाण्डेय का कैराना और नूरपुर के चुनाव परिणामों पर अपनी प्रतिक्रिया में कह रहे है कि विकास की राजनीति पर थोड़े समय के लिए फतवों व जातिवादी, सिद्धान्तविहीन राजनीति भारी पड़ी है। डा. पाण्डेय ने  कहा कि यद्यपि वहां के स्थानीय समीकरण चुनौतीपूर्ण थे परन्तु फि र भी हमने कैराना लोकसभा में दो विधानसभाओं में कथित गठबंधन को हराया। लेकिन तीन विधानसभाओं में कहां कमियां रह गई। साथ ही नूरपुर में भाजपा को कथित गठबंधन के बावजूद विधानसभा चुनाव के मुकाबले 11 हजार वोट अधिक प्राप्त हुए लेकिन फि र भी कुछ वोटों के अंतर से चुनावी नतीजे हमारे अनुकूल नहीं रहे। हम इसकी गहन समीक्षा करेंगे। फिर आगे की रणनीति एवं कार्ययोजना बनायेंगे। उन्होंने कहा कि भाजपा ने विकास और किसान कल्याण की राजनीति तथा अपनी योजनाओं के प्रसार के साथ जनता के मध्य सकारात्मक राजनीति की है। वहीं विपक्ष झूठ और फ तवों की नकारात्मक साम्प्रदायिक प्रवृत्ति की राजनीति के साथ चुनाव में था। लेकिन झूठ और फ तवों की राजनीति ज्यादा दिन नहीं चलेगी। जनता 2019 के आम चुनाव में मोदी जी को पुनरू प्रधानमंत्री बनाकर विपक्ष की नकारात्मक राजनीति को अवश्य जवाब देगी। इसी तरह योगी सरकार के राज्यमंत्री डॉ. नीलकंठ तिवारी ने इस संबंध में ट्वीट कर कहा है कि कैराना में जीत जातिवाद एवं संप्रदायवाद की जीत है जो तात्कालिक है। पीएम मोदी ने नारा दिया जातिवाद मुक्त संप्रदाय मुक्त भारत का। और जनता काम कर रही है। लेकिन लौ बुझने से पहले तेज जलती है। उप चुनाव का परिणाम भी यही है। वहीं कैराना-नूरपुर उपचुनाव में हार को लेकर योगी सरकार के कैबिनेट मंत्री लक्ष्मी नारायण चौधरी ने अजीबों-गरीब बयान दिया है। उन्होंने कहा कि भाजपा के समर्थक बच्चों के साथ गर्मी की छुट्टियां मनाने बाहर चले गए। इसकी वजह से पार्टी को हार का सामना करना पड़ा। चौधरी ने कहा कि उपचुनाव और आम चुनाव में बहुत बड़ा फर्क होता है। उपचुनाव के मुकाबले आम चुनाव में ज्यादा लोग हिस्सा लेते हैं। गर्मी की छुट्टियां होने की वजह से हमारे समर्थक और वोटर बच्चों के साथ बाहर घूमने चले गए। इसलिए हम लोग दोनों सीट पर हार गए।

सरकार व संगठन के खिलाफ  बोलने वाले विधायकों पर गिर सकती है गाज

लखनऊ। कैराना लोकसभा और नूरपुर विधानसभा उपचुनाव में हार पर न सिर्फ विपक्ष बल्कि भाजपा के अपने भी नमक छिड़क रहे हैं। पार्टी ऐसे विधायकों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई कर सकती है। भाजपा के नेताओं का कहना है कि पूर्व में भी एक सांसद पर जब पार्टी संगठन ने कड़ी कार्रवाई को तो फिर बाद में बाकी को सबक मिल गया था। सूत्रों का कहना है कि सरकार को लेकर टिप्पणी करने वाले हरदोई के विधायक से 2 जून को सीएम जवाब-तलब भी कर सकते हैं। मुख्यमंत्री योगी 2 जून को हरदोई के एक दिनी दौरे पर जा रहे हैं। उल्लेखनीय है कि कैराना लोकसभा व नूरपुर विधानसभा के उप चुनाव में भाजपा को अपेक्षित कामयाबी नहीं मिल पायी। इसको लेकर पार्टी का प्रदेश नेतृत्व समीक्षा कर रहा है, इसी बीच पार्टी के दो विधायक हरदोई के श्याम प्रकाश ने फेसबुक पर सरकार व संगठन दोनों पर निशाना साधा तो बलिया के चर्चित विधायक ने हार के लिए नौकरशाही व भ्रष्टाचार को जिम्मेदार बता दिया। भाजपा के आला नेताओं ने दोनों ही विधायकों की टिप्पणियों को गंभीरता से लिया है। भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश इकाई ने अनुशासनात्मक समिति का गठन पहले ही कर रखा है। पूर्व सांसद की अध्यक्षता वाली समिति संगठन विरोधी बयानबाजी करने वाले नेताओं पर नजर रखे है और जल्द ही उनसे जवाब तलब किया जा सकता है। यह भी एक संयोग है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 2 जून को हरदोई जा रहे हैं, ऐसे में कैराना को लेकर टिप्पणी करने वाले विधायक का सीएम से आमना-सामना भी संभव है। तब सीएम उनसे जवाब तलब भी कर सकते हैं। बलिया और हरदोई के विधायकों ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार की सराहना की मगर योगी सरकार को भ्रष्टाचार के मुद्दे पर कठघरे में खड़ा किया। हालांकि उन्होंने यह भी लिखा है कि कैराना में हार को लेकर वह भी दुखी हैं।

 

grish1985@gmail.com

Review overview
NO COMMENTS

POST A COMMENT